Posts

Showing posts from August 23, 2018
सूर्यवंशीय क्षत्रिय वंशज कच्छवाहा कुल आमेर शासक महाराजा पृथ्वीराज सिंह जी कच्छवाहा। प्रारंभिक युग से ही ढुढाड़ का कच्छवाहा वंश इतिहास अत्यंत गौरवशाली माना जाता है। राजपूताना के लिए अपितु अखंड भारत के सनातन धर्म की रक्षा के लिए हमेशा कटिबंध रहा है। इस वंश का शौर्य, साहस ,पराक्रम, धैर्य, दृढ़ता, निष्ठा, न्याय, चातुर्य बल वीरता, स्वातंत्रय प्रेम तथा स्वदेश स्वाभिमान अपनी चरमोत्कृष्टता पर पहुंच गया था। आज हम कच्छवाहा वंश के ऐसे वीर अपितु वीरों के वीर बाहुबल के प्रतिनिधि राजधिराज श्री, आमेर के सातवे महाराज चन्दसेन जी के पुत्र पृथ्वी राज जी प्रथम आमेर के स्वर्णिम गौरव इतिहास से आप सभी मित्रों को अवगत करवायेगें।  जय राजपूताना मां जमुवाय को नमनः करते हुऐ में आगे मेरे पूजनीय पुर्वज का आदरपूर्वक वर्णन करता हूँ। में  मान प्रताप सिंह किल्याणोत ठि गढ़ धवान। इन्ही के वंशज कच्छवाहा कुल वीर कालवाड़ नरेश कल्याण सिहं जी (कल्याणदासजी)के  वटवृक्ष कच्छवाहा किल्याणोत हूँ। हूक्म।                          आमेर नरेश -पृथ्वीर...